*एसबीआई आरसेटी द्वारा निःशुल्क सहायक बुक कीपर प्रशिक्षण कार्यक्रम का संचालन, युवाओं को मिल रहा उद्यमिता व लेखांकन का प्रशिक्षण*
जनपद रुद्रप्रयाग में युवाओं को स्वरोजगार एवं वित्तीय क्षेत्र से जोड़ने के उद्देश्य से एसबीआई आरसेटी रुद्रप्रयाग द्वारा निःशुल्क *“सहायक बुक कीपर”* प्रशिक्षण कार्यक्रम का आगामी 20 मार्च 2026 तक संचालित किया जाएगा।
ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान के निदेशक अरूण कुमार ने इस प्रशिक्षण कार्यक्रम के विषय में जानकारी देते हुए बताया कि वर्तमान समय में लेखांकन और वित्तीय सेवाओं के क्षेत्र में युवाओं के लिए अपार संभावनाएं मौजूद हैं। उन्होंने कहा कि इस प्रशिक्षण कार्यक्रम के माध्यम से अभ्यर्थी लेखांकन के मूलभूत कौशल सीखकर इस क्षेत्र में रोजगार और स्वरोजगार के बेहतर अवसर प्राप्त कर सकते हैं। इस अवसर पर प्रतिभागियों को डिजिटल बैंकिंग, पेमेंट गेटवे और थर्ड पार्टी पेमेंट ऐप जैसी आधुनिक बैंकिंग सेवाओं की जानकारी भी दी गई।
संस्थान के प्रशिक्षक वीरेंद्र बर्त्वाल ने बताया कि जनपद में इस प्रकार का प्रशिक्षण पहली बार निःशुल्क रूप से आयोजित किया जा रहा है। प्रशिक्षण में प्रतिभाग करने के लिए अभ्यर्थियों का चयन साक्षात्कार के माध्यम से किया गया, जिसके बाद 30 युवक-युवतियों को इस कार्यक्रम के लिए चुना गया। प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को निरंतर प्रोत्साहित करते हुए उन्हें उद्यमिता विकास, आत्मविश्वास निर्माण, नेतृत्व क्षमता, समय प्रबंधन तथा समस्या समाधान जैसे विषयों पर मार्गदर्शन प्रदान किया जा रहा है। प्रशिक्षण के प्रारंभिक सत्रों में प्रतिभागियों को 21वीं सदी के कौशल, व्यक्तित्व विकास, संचार कौशल, लैंगिक समानता, सामाजिक उत्तरदायित्व तथा संवैधानिक मूल्यों के बारे में भी जानकारी दी गई।
कार्यक्रम के अंतर्गत प्रतिभागियों को लेखांकन एवं बुक कीपिंग से संबंधित विषयों का व्यावहारिक प्रशिक्षण भी दिया जा रहा है। डीएसटी अमन यादव द्वारा अकाउंटिंग से जुड़े विभिन्न सत्र संचालित किए जा रहे हैं, जिनमें प्रतिभागियों को लेखा प्रबंधन, वित्तीय अभिलेख तैयार करना, आय-व्यय का लेखा-जोखा रखना तथा बहीखाता प्रणाली के बारे में विस्तार से बताया जा रहा है। एन0एस0क्यू0एफ0 के मानकों के अनुसार 300 घंटे की अवधि वाले इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में प्रतिभागियों को सैद्धांतिक एवं व्यावहारिक दोनों प्रकार का ज्ञान प्रदान किया जा रहा है। संस्थान द्वारा भविष्य में भी युवाओं के हित में ऐसे प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जाने की योजना बनाई जा रही है।