रिपोर्ट- कोरियन एंटोनी
दिल्ली में उपराज्यपाल वीके सक्सेना के आदेश के बाद महरौली पुरातत्व पार्क, संजय वन का कायाकल्प होगा। एलजी ने आदेश दिया कि इस वर्ष मानसून शुरू होने से पहले काम पूरा करें। इन सभी स्मारकों के पुनर्विकास की कवायद डीडीए अपने खर्च पर करेगा।
महरौली पुरातत्व पार्क और संजय वन का जीर्णोद्धार होगा। उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने रविवार को अधिकारियों के साथ भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई) से दिल्ली विकास प्राधिकरण (डीडीए) को मिले इन विरासत स्थलों का दौरा किया।
यहां उन्होंने डीडीए को कई विरासतों के व्यापक संरक्षण और बहाली का काम करने का निर्देश दिया। अभी तक यह उपेक्षा के कारण विनाश के कगार पर थे। अधिकारियों ने बताया कि एलजी ने महरौली पुरातत्व पार्क में बलबन के मकबरे, जमाली कमाली मस्जिद, मकबरे व रजों की बावली और संजय वन में लालकोट बावली और किला राय पिथौरा का दौरा किया।
इनके निरीक्षण के बाद एलजी ने अधिकारियों से एक ठोस कार्ययोजना बनाने को कहा। साथ ही आदेश दिया कि इस वर्ष मानसून शुरू होने से पहले काम पूरा करें। इन सभी स्मारकों के पुनर्विकास की कवायद डीडीए अपने खर्च पर करेगा।
दौरे में मिला कुआं
यात्रा के दौरान एलजी ने राजों की बावली और किला राय पिथौरा में दो प्राचीन कुओं की भी खोज की। मौजूदा समय में यह कूड़े और गंदगी के ढेर से भरे हुए हैं। एलजी ने अधिकारियों को कुओं की तुरंत सफाई करने और जल्द उनका जीर्णोद्धार और संरक्षण करने का निर्देश दिया।
एलजी ने कहा कि घने जंगलों के बीच स्थित ये विरासत स्मारक वर्षों से पूरी तरह से उपेक्षा की स्थिति में है। यह चिंता का विषय है। एक बार बहाल होने के बाद ये स्मारक दिल्ली के लिए नई संपत्ति बन जाएंगे। साथ ही इनकी मदद से दिल्ली को एक विरासत शहर के रूप में उभरने में मदद मिलेगी।