न्यूज़- कोरियन एंटोनी
इंदौर की एक पटाखा फैक्ट्री में ब्लास्ट हो गया। हादसे में तीन लोग गंभीर घायल हैं। मौके पर प्रशासन और पुलिस की टीम ने पहुंचकर तुरंत घायलों को इंदौर के चोइथराम अस्पताल पहुंचाया। जिस फैक्ट्री में ब्लास्ट हुआ वहां सुतली बम बनाए जाते हैं। ये फैक्ट्री साखिर खान नाम के व्यक्ति की है, जो राऊ का रहने वाला है। आंबा चंदन गांव महू से लगभग आठ किमी दूर है। गांव से करीब पांच किमी दूर जंगल की तरफ चार बीघे के खेत में पटाखा फैक्ट्री है। यहां सुतली बम बनाने का काम चल रहा था। प्राथमिक जानकारी में सामने आया है कि फैक्ट्री लाइसेंसी थी। लाइसेंस 31 मार्च तक वैलिड था।
यहां रखे केमिकल में आग लगने से हादसा हुआ। सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंच। राहत और बचाव कार्य शुरू कर दिया गया। बताया जा रहा है कि पटाखा फैक्ट्री में ब्लास्ट इतना तेज हुआ कि आसपास के लोग दहशत में आ गए। रोहित पिता परमानंद निवासी ग्राम दातोदा, अर्जुन पिता नाथू राठौर निवासी महाराष्ट्र और उमेश पिता माणिक चौहान गंभीर घायल हुए हैं।
प्रशासन लगातार कर रहा जांच
हरदा की पटाखा फैक्ट्री में हुए ब्लास्ट के बाद से इंदौर में प्रशासन लगातार जांच कर रहा है। इंदौर में राऊ, सिमरौल और अन्य क्षेत्रों में बड़ी संख्या में पटाखा फैक्ट्री हैं। यहां पर प्रशासन सख्ती से काम कर रहा है। बावजूद इसके ब्लास्ट होने पर सवाल उठ रहे हैं।
बड़ा हादसा हो सकता था
पटाखा फैक्ट्री में लगी आग के बाद बड़ा हादसा हो सकता था लेकिन समय रहते आग पर नियंत्रण पा लिया गया। आसपास कोई ज्वलनशील पदार्थ के अन्य भंडारण न होने और घरों के दूर दूर होने की वजह से आग फैलने से बच गई।
अवैध रूप से बना रहे थे रस्सी बम
बताया जा रहा है कि यहां पर अवैध रूप से पटाखा फैक्ट्री का संचालन हो रहा था। प्रशासन के नियमों को ताक पर रखकर यह फैक्ट्री बनाई गई थी। यहां पर रस्सी बम बनाए जा रहे थे। हरदा में हुए हादसे के बाद प्रशासन ने फ़ैक्ट्री की जांच की थी। लाइसेंस मार्च में ही खत्म हो गया था उसके बाद भी बिना अनुमति से मजदूर पटाखे बना रहे थे। हादसे के बाद फैक्ट्री पूरी तरह से जल गई और चारों तरफ सिर्फ राख ही नजर आ रही है।